अल रय्यान पंचांग – 4 अक्टूबर 2026
रविवार, 4 अक्टूबर 2026 · आश्विन मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083
Baladiyat ar Rayyan, Qatar
आज का दिन – एक नज़र में
अल रय्यान का समय
राहुकाल: 3:50 PM – 5:18 PMघड़ी में किसी भी रंग को छुएं और उसका मतलब जानें
इन समयों से बचें
राहुकाल?रोज़ लगभग डेढ़ घंटे का समय, जब कोई नया काम शुरू नहीं करते – हस्ताक्षर, खरीदारी, यात्रा। पहले से चल रहा काम जारी रख सकते हैं। | 3:50 PM – 5:18 PM |
|---|---|
यमगण्ड?यह भी टालने वाला समय है। मान्यता है कि इसमें शुरू किया काम ठीक से पूरा नहीं होता। | 11:23 AM – 12:52 PM |
गुलिक काल?मान्यता है कि गुलिक काल में किया काम दोहराया जाता है। कर्ज़, अंतिम संस्कार जैसे काम इसमें नहीं करते। | 2:21 PM – 3:50 PM |
शुभ समय
अभिजीत मुहूर्त?दोपहर के आसपास का शक्तिशाली मुहूर्त – लगभग हर काम के लिए शुभ। बुधवार को नहीं माना जाता। | 10:59 AM – 11:47 AM |
|---|---|
ब्रह्म मुहूर्त?भोर से पहले का शांत समय – पढ़ाई, ध्यान और योग के लिए उत्तम। | 3:51 AM – 4:39 AM |
चौघड़िया?शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें। | 6:56 AM – 8:25 AM चर8:25 AM – 9:54 AM लाभ9:54 AM – 11:23 AM अमृत12:52 PM – 2:21 PM शुभचौघड़िया → |
आज का पंचांग
| वार | रविवार |
|---|---|
तिथि?चंद्र दिवस। जब भी चंद्रमा सूर्य से 12° और आगे निकलता है, नई तिथि शुरू होती है – महीने में 30, इसलिए किसी भी समय बदल सकती है। | कृष्ण नवमी 1:24 AM (5 अक्टूबर) तक फिर कृष्ण दशमी |
नक्षत्र?चंद्रमा अभी जिस तारामंडल में है। कुल 27; जन्म के समय वाला आपका जन्म नक्षत्र है। | पुनर्वसु 9:43 PM तक फिर पुष्य |
योग?सूर्य और चंद्रमा की स्थिति के 27 संयोगों में से एक। | परिघ 10:02 AM तक फिर शिव |
करण?तिथि का आधा भाग। 11 प्रकार; विष्टि (भद्रा) करण से बचा जाता है। | तैतिल 2:21 PM तक फिर गर 1:24 AM (5 अक्टूबर) तक फिर वणिज |
चंद्र राशि?चंद्रमा अभी जिस राशि में है। लगभग सवा दो दिन में बदलती है। | मिथुन 4:01 PM तक फिर कर्क |
| सूर्य राशि | कन्या |
| चंद्र मास (पूर्णिमांत) | आश्विन मास, कृष्ण पक्ष |
चंद्राष्टम?अगर यह आपकी राशि है तो चंद्रमा आपसे 8वें भाव में है – बड़े फैसले टालने की परंपरा है। | वृश्चिक 4:01 PM तक फिर धनु |
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – दिन
- 5:28 AM – 6:56 AMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 6:56 AM – 8:25 AMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 8:25 AM – 9:54 AMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 9:54 AM – 11:23 AMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 11:23 AM – 12:52 PMकालहानि – टालें
- 12:52 PM – 2:21 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 2:21 PM – 3:50 PMरोगरोग – टालें
- 3:50 PM – 5:18 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
चौघड़िया – रात
- 5:18 PM – 6:50 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 6:50 PM – 8:21 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 8:21 PM – 9:52 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 9:52 PM – 11:23 PMरोगरोग – टालें
- 11:23 PM – 12:54 AM (5 अक्टूबर)कालहानि – टालें
- 12:54 AM – 2:26 AM (5 अक्टूबर)लाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 2:26 AM – 3:57 AM (5 अक्टूबर)उद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 3:57 AM – 5:28 AM (5 अक्टूबर)शुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
अल रय्यान – आज के पंचांग के बारे में
रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को अल रय्यान में सूर्योदय 5:28 AM और सूर्यास्त 5:18 PM है। राहुकाल 3:50 PM – 5:18 PM, यमगण्ड 11:23 AM – 12:52 PM और गुलिक काल 2:21 PM – 3:50 PM। ये समय, और चौघड़िया भी, स्थानीय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बांटकर निकाले जाते हैं – इसलिए ये शहर-शहर और दिन-दिन बदलते हैं। “7:30 से 9:00” जैसी तय तालिका सिर्फ़ अनुमान है।
सूर्योदय के समय कृष्ण नवमी तिथि और पुनर्वसु नक्षत्र। आश्विन मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083।
अगले 7 दिन का राहुकाल · आज का होरा समय · मासिक कैलेंडर · गणना कैसे होती है
सभी समय अल रय्यान का स्थानीय समय हैं (UTC+03:00)। अल रय्यान के सटीक अक्षांश-देशांतर के लिए दृक् गणित पद्धति (लाहिड़ी अयनांश) से खगोलीय गणना।