कुंकोलिम पंचांग – 12 मार्च 2027
शुक्रवार, 12 मार्च 2027 · फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष · विक्रम संवत 2083
Goa, India
आज का दिन – एक नज़र में
कुंकोलिम का समय
राहुकाल: 11:14 AM – 12:44 PMघड़ी में किसी भी रंग को छुएं और उसका मतलब जानें
इन समयों से बचें
राहुकाल?रोज़ लगभग डेढ़ घंटे का समय, जब कोई नया काम शुरू नहीं करते – हस्ताक्षर, खरीदारी, यात्रा। पहले से चल रहा काम जारी रख सकते हैं। | 11:14 AM – 12:44 PM |
|---|---|
यमगण्ड?यह भी टालने वाला समय है। मान्यता है कि इसमें शुरू किया काम ठीक से पूरा नहीं होता। | 3:44 PM – 5:14 PM |
गुलिक काल?मान्यता है कि गुलिक काल में किया काम दोहराया जाता है। कर्ज़, अंतिम संस्कार जैसे काम इसमें नहीं करते। | 8:14 AM – 9:44 AM |
शुभ समय
अभिजीत मुहूर्त?दोपहर के आसपास का शक्तिशाली मुहूर्त – लगभग हर काम के लिए शुभ। बुधवार को नहीं माना जाता। | 12:20 PM – 1:08 PM |
|---|---|
ब्रह्म मुहूर्त?भोर से पहले का शांत समय – पढ़ाई, ध्यान और योग के लिए उत्तम। | 5:08 AM – 5:56 AM |
चौघड़िया?शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें। | 6:44 AM – 8:14 AM चर8:14 AM – 9:44 AM लाभ9:44 AM – 11:14 AM अमृत12:44 PM – 2:14 PM शुभ5:14 PM – 6:44 PM चरचौघड़िया → |
आज का पंचांग
| वार | शुक्रवार |
|---|---|
तिथि?चंद्र दिवस। जब भी चंद्रमा सूर्य से 12° और आगे निकलता है, नई तिथि शुरू होती है – महीने में 30, इसलिए किसी भी समय बदल सकती है। | शुक्ल चतुर्थी 2:57 PM तक फिर शुक्ल पंचमी |
नक्षत्र?चंद्रमा अभी जिस तारामंडल में है। कुल 27; जन्म के समय वाला आपका जन्म नक्षत्र है। | अश्विनी 11:22 AM तक फिर भरणी |
योग?सूर्य और चंद्रमा की स्थिति के 27 संयोगों में से एक। | इन्द्र 9:34 PM तक फिर वैधृति |
करण?तिथि का आधा भाग। 11 प्रकार; विष्टि (भद्रा) करण से बचा जाता है। | विष्टि (भद्रा) 2:57 PM तक फिर बव 2:28 AM (13 मार्च) तक फिर बालव |
चंद्र राशि?चंद्रमा अभी जिस राशि में है। लगभग सवा दो दिन में बदलती है। | मेष पूरे दिन |
| सूर्य राशि | कुम्भ |
| चंद्र मास (पूर्णिमांत) | फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष |
चंद्राष्टम?अगर यह आपकी राशि है तो चंद्रमा आपसे 8वें भाव में है – बड़े फैसले टालने की परंपरा है। | कन्या पूरे दिन |
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – दिन
- 6:44 AM – 8:14 AMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 8:14 AM – 9:44 AMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 9:44 AM – 11:14 AMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 11:14 AM – 12:44 PMकालहानि – टालें
- 12:44 PM – 2:14 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 2:14 PM – 3:44 PMरोगरोग – टालें
- 3:44 PM – 5:14 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 5:14 PM – 6:44 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
चौघड़िया – रात
- 6:44 PM – 8:14 PMरोगरोग – टालें
- 8:14 PM – 9:44 PMकालहानि – टालें
- 9:44 PM – 11:14 PMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 11:14 PM – 12:44 AM (13 मार्च)उद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 12:44 AM – 2:13 AM (13 मार्च)शुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 2:13 AM – 3:43 AM (13 मार्च)अमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 3:43 AM – 5:13 AM (13 मार्च)चरयात्रा के लिए अच्छा
- 5:13 AM – 6:43 AM (13 मार्च)रोगरोग – टालें
कुंकोलिम – आज के पंचांग के बारे में
शुक्रवार, 12 मार्च 2027 को कुंकोलिम में सूर्योदय 6:44 AM और सूर्यास्त 6:44 PM है। राहुकाल 11:14 AM – 12:44 PM, यमगण्ड 3:44 PM – 5:14 PM और गुलिक काल 8:14 AM – 9:44 AM। ये समय, और चौघड़िया भी, स्थानीय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बांटकर निकाले जाते हैं – इसलिए ये शहर-शहर और दिन-दिन बदलते हैं। “7:30 से 9:00” जैसी तय तालिका सिर्फ़ अनुमान है।
सूर्योदय के समय शुक्ल चतुर्थी तिथि और अश्विनी नक्षत्र। फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष · विक्रम संवत 2083।
अगले 7 दिन का राहुकाल · आज का होरा समय · मासिक कैलेंडर · गणना कैसे होती है
सभी समय कुंकोलिम का स्थानीय समय हैं (IST)। कुंकोलिम के सटीक अक्षांश-देशांतर के लिए दृक् गणित पद्धति (लाहिड़ी अयनांश) से खगोलीय गणना।