कुंकोलिम पंचांग – 3 अप्रैल 2027
शनिवार, 3 अप्रैल 2027 · चैत्र मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083
Goa, India
आज का दिन – एक नज़र में
कुंकोलिम का समय
राहुकाल: 9:33 AM – 11:05 AMघड़ी में किसी भी रंग को छुएं और उसका मतलब जानें
इन समयों से बचें
राहुकाल?रोज़ लगभग डेढ़ घंटे का समय, जब कोई नया काम शुरू नहीं करते – हस्ताक्षर, खरीदारी, यात्रा। पहले से चल रहा काम जारी रख सकते हैं। | 9:33 AM – 11:05 AM |
|---|---|
यमगण्ड?यह भी टालने वाला समय है। मान्यता है कि इसमें शुरू किया काम ठीक से पूरा नहीं होता। | 2:10 PM – 3:42 PM |
गुलिक काल?मान्यता है कि गुलिक काल में किया काम दोहराया जाता है। कर्ज़, अंतिम संस्कार जैसे काम इसमें नहीं करते। | 6:28 AM – 8:00 AM |
शुभ समय
अभिजीत मुहूर्त?दोपहर के आसपास का शक्तिशाली मुहूर्त – लगभग हर काम के लिए शुभ। बुधवार को नहीं माना जाता। | 12:13 PM – 1:02 PM |
|---|---|
ब्रह्म मुहूर्त?भोर से पहले का शांत समय – पढ़ाई, ध्यान और योग के लिए उत्तम। | 4:55 AM – 5:41 AM |
चौघड़िया?शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें। | 8:00 AM – 9:33 AM शुभ12:37 PM – 2:10 PM चर2:10 PM – 3:42 PM लाभ3:42 PM – 5:14 PM अमृतचौघड़िया → |
आज का पंचांग
| वार | शनिवार |
|---|---|
तिथि?चंद्र दिवस। जब भी चंद्रमा सूर्य से 12° और आगे निकलता है, नई तिथि शुरू होती है – महीने में 30, इसलिए किसी भी समय बदल सकती है। | कृष्ण द्वादशी 4:26 AM (4 अप्रैल) तक फिर कृष्ण त्रयोदशी |
नक्षत्र?चंद्रमा अभी जिस तारामंडल में है। कुल 27; जन्म के समय वाला आपका जन्म नक्षत्र है। | धनिष्ठा 2:41 PM तक फिर शतभिषा |
योग?सूर्य और चंद्रमा की स्थिति के 27 संयोगों में से एक। | साध्य 10:10 AM तक फिर शुभ |
करण?तिथि का आधा भाग। 11 प्रकार; विष्टि (भद्रा) करण से बचा जाता है। | कौलव 3:44 PM तक फिर तैतिल 4:26 AM (4 अप्रैल) तक फिर गर |
चंद्र राशि?चंद्रमा अभी जिस राशि में है। लगभग सवा दो दिन में बदलती है। | कुम्भ पूरे दिन |
| सूर्य राशि | मीन |
| चंद्र मास (पूर्णिमांत) | चैत्र मास, कृष्ण पक्ष |
चंद्राष्टम?अगर यह आपकी राशि है तो चंद्रमा आपसे 8वें भाव में है – बड़े फैसले टालने की परंपरा है। | कर्क पूरे दिन |
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – दिन
- 6:28 AM – 8:00 AMकालहानि – टालें
- 8:00 AM – 9:33 AMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 9:33 AM – 11:05 AMरोगरोग – टालें
- 11:05 AM – 12:37 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 12:37 PM – 2:10 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 2:10 PM – 3:42 PMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 3:42 PM – 5:14 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 5:14 PM – 6:47 PMकालहानि – टालें
चौघड़िया – रात
- 6:47 PM – 8:14 PMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 8:14 PM – 9:42 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 9:42 PM – 11:09 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 11:09 PM – 12:37 AM (4 अप्रैल)अमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 12:37 AM – 2:05 AM (4 अप्रैल)चरयात्रा के लिए अच्छा
- 2:05 AM – 3:32 AM (4 अप्रैल)रोगरोग – टालें
- 3:32 AM – 5:00 AM (4 अप्रैल)कालहानि – टालें
- 5:00 AM – 6:27 AM (4 अप्रैल)लाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
कुंकोलिम – आज के पंचांग के बारे में
शनिवार, 3 अप्रैल 2027 को कुंकोलिम में सूर्योदय 6:28 AM और सूर्यास्त 6:47 PM है। राहुकाल 9:33 AM – 11:05 AM, यमगण्ड 2:10 PM – 3:42 PM और गुलिक काल 6:28 AM – 8:00 AM। ये समय, और चौघड़िया भी, स्थानीय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बांटकर निकाले जाते हैं – इसलिए ये शहर-शहर और दिन-दिन बदलते हैं। “7:30 से 9:00” जैसी तय तालिका सिर्फ़ अनुमान है।
सूर्योदय के समय कृष्ण द्वादशी तिथि और धनिष्ठा नक्षत्र। चैत्र मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083।
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सभी समय कुंकोलिम का स्थानीय समय हैं (IST)। कुंकोलिम के सटीक अक्षांश-देशांतर के लिए दृक् गणित पद्धति (लाहिड़ी अयनांश) से खगोलीय गणना।