हार्लेम पंचांग – 29 नवंबर 2026
रविवार, 29 नवंबर 2026 · मार्गशीर्ष मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083
North Holland, Netherlands
आज का दिन – एक नज़र में
हार्लेम का समय
राहुकाल: 3:33 PM – 4:34 PMघड़ी में किसी भी रंग को छुएं और उसका मतलब जानें
इन समयों से बचें
राहुकाल?रोज़ लगभग डेढ़ घंटे का समय, जब कोई नया काम शुरू नहीं करते – हस्ताक्षर, खरीदारी, यात्रा। पहले से चल रहा काम जारी रख सकते हैं। | 3:33 PM – 4:34 PM |
|---|---|
यमगण्ड?यह भी टालने वाला समय है। मान्यता है कि इसमें शुरू किया काम ठीक से पूरा नहीं होता। | 12:30 PM – 1:31 PM |
गुलिक काल?मान्यता है कि गुलिक काल में किया काम दोहराया जाता है। कर्ज़, अंतिम संस्कार जैसे काम इसमें नहीं करते। | 2:32 PM – 3:33 PM |
शुभ समय
अभिजीत मुहूर्त?दोपहर के आसपास का शक्तिशाली मुहूर्त – लगभग हर काम के लिए शुभ। बुधवार को नहीं माना जाता। | 12:13 PM – 12:46 PM |
|---|---|
ब्रह्म मुहूर्त?भोर से पहले का शांत समय – पढ़ाई, ध्यान और योग के लिए उत्तम। | 6:19 AM – 7:22 AM |
चौघड़िया?शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें। | 9:27 AM – 10:28 AM चर10:28 AM – 11:29 AM लाभ11:29 AM – 12:30 PM अमृत1:31 PM – 2:32 PM शुभचौघड़िया → |
आज का पंचांग
| वार | रविवार |
|---|---|
तिथि?चंद्र दिवस। जब भी चंद्रमा सूर्य से 12° और आगे निकलता है, नई तिथि शुरू होती है – महीने में 30, इसलिए किसी भी समय बदल सकती है। | कृष्ण षष्ठी 9:16 PM तक फिर कृष्ण सप्तमी |
नक्षत्र?चंद्रमा अभी जिस तारामंडल में है। कुल 27; जन्म के समय वाला आपका जन्म नक्षत्र है। | आश्लेषा 5:12 AM (30 नवंबर) तक फिर मघा |
योग?सूर्य और चंद्रमा की स्थिति के 27 संयोगों में से एक। | ब्रह्म 12:38 PM तक फिर इन्द्र |
करण?तिथि का आधा भाग। 11 प्रकार; विष्टि (भद्रा) करण से बचा जाता है। | गर 10:17 AM तक फिर वणिज 9:16 PM तक फिर विष्टि (भद्रा) 8:24 AM (30 नवंबर) तक फिर बव |
चंद्र राशि?चंद्रमा अभी जिस राशि में है। लगभग सवा दो दिन में बदलती है। | कर्क 5:12 AM (30 नवंबर) तक फिर सिंह |
| सूर्य राशि | वृश्चिक |
| चंद्र मास (पूर्णिमांत) | मार्गशीर्ष मास, कृष्ण पक्ष |
चंद्राष्टम?अगर यह आपकी राशि है तो चंद्रमा आपसे 8वें भाव में है – बड़े फैसले टालने की परंपरा है। | धनु 5:12 AM (30 नवंबर) तक फिर मकर |
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – दिन
- 8:26 AM – 9:27 AMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 9:27 AM – 10:28 AMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 10:28 AM – 11:29 AMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 11:29 AM – 12:30 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 12:30 PM – 1:31 PMकालहानि – टालें
- 1:31 PM – 2:32 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 2:32 PM – 3:33 PMरोगरोग – टालें
- 3:33 PM – 4:34 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
चौघड़िया – रात
- 4:34 PM – 6:33 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 6:33 PM – 8:32 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 8:32 PM – 10:31 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 10:31 PM – 12:30 AM (30 नवंबर)रोगरोग – टालें
- 12:30 AM – 2:30 AM (30 नवंबर)कालहानि – टालें
- 2:30 AM – 4:29 AM (30 नवंबर)लाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 4:29 AM – 6:28 AM (30 नवंबर)उद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 6:28 AM – 8:27 AM (30 नवंबर)शुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
हार्लेम – आज के पंचांग के बारे में
रविवार, 29 नवंबर 2026 को हार्लेम में सूर्योदय 8:26 AM और सूर्यास्त 4:34 PM है। राहुकाल 3:33 PM – 4:34 PM, यमगण्ड 12:30 PM – 1:31 PM और गुलिक काल 2:32 PM – 3:33 PM। ये समय, और चौघड़िया भी, स्थानीय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बांटकर निकाले जाते हैं – इसलिए ये शहर-शहर और दिन-दिन बदलते हैं। “7:30 से 9:00” जैसी तय तालिका सिर्फ़ अनुमान है।
सूर्योदय के समय कृष्ण षष्ठी तिथि और आश्लेषा नक्षत्र। मार्गशीर्ष मास, कृष्ण पक्ष · विक्रम संवत 2083।
अगले 7 दिन का राहुकाल · आज का होरा समय · मासिक कैलेंडर · गणना कैसे होती है
सभी समय हार्लेम का स्थानीय समय हैं (CET)। हार्लेम के सटीक अक्षांश-देशांतर के लिए दृक् गणित पद्धति (लाहिड़ी अयनांश) से खगोलीय गणना।