शुभ समय आज – Bhilai Charoda (चौघड़िया)
गुरुवार, 24 सितंबर 2026 · भाद्रपद मास, शुक्ल पक्ष
आज का दिन – एक नज़र में
Bhilai Charoda का समय
राहुकाल: 1:27 PM – 2:58 PMघड़ी में किसी भी रंग को छुएं और उसका मतलब जानें
चौघड़िया – गुरुवार, 24 सितंबर 2026?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – गुरुवार, 24 सितंबर 2026?
शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें।
चौघड़िया – दिन
- 5:53 AM – 7:24 AMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 7:24 AM – 8:55 AMरोगरोग – टालें
- 8:55 AM – 10:26 AMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 10:26 AM – 11:56 AMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 11:56 AM – 1:27 PMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 1:27 PM – 2:58 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 2:58 PM – 4:28 PMकालहानि – टालें
- 4:28 PM – 5:59 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
चौघड़िया – रात
- 5:59 PM – 7:28 PMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 7:28 PM – 8:58 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 8:58 PM – 10:27 PMरोगरोग – टालें
- 10:27 PM – 11:56 PMकालहानि – टालें
- 11:56 PM – 1:26 AM (25 सितंबर)लाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 1:26 AM – 2:55 AM (25 सितंबर)उद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 2:55 AM – 4:24 AM (25 सितंबर)शुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 4:24 AM – 5:54 AM (25 सितंबर)अमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
इन समयों से बचें
राहुकाल?रोज़ लगभग डेढ़ घंटे का समय, जब कोई नया काम शुरू नहीं करते – हस्ताक्षर, खरीदारी, यात्रा। पहले से चल रहा काम जारी रख सकते हैं। | 1:27 PM – 2:58 PM |
|---|---|
यमगण्ड?यह भी टालने वाला समय है। मान्यता है कि इसमें शुरू किया काम ठीक से पूरा नहीं होता। | 5:53 AM – 7:24 AM |
गुलिक काल?मान्यता है कि गुलिक काल में किया काम दोहराया जाता है। कर्ज़, अंतिम संस्कार जैसे काम इसमें नहीं करते। | 8:55 AM – 10:26 AM |
शुभ समय
अभिजीत मुहूर्त?दोपहर के आसपास का शक्तिशाली मुहूर्त – लगभग हर काम के लिए शुभ। बुधवार को नहीं माना जाता। | 11:32 AM – 12:20 PM |
|---|---|
ब्रह्म मुहूर्त?भोर से पहले का शांत समय – पढ़ाई, ध्यान और योग के लिए उत्तम। | 4:18 AM – 5:06 AM |
चौघड़िया?शुभ समय देखने की उत्तर भारतीय पद्धति: दिन और रात के 8-8 भाग – अमृत, शुभ, लाभ, चर अच्छे; उद्वेग, काल, रोग टालें। | 5:53 AM – 7:24 AM शुभ10:26 AM – 11:56 AM चर11:56 AM – 1:27 PM लाभ1:27 PM – 2:58 PM अमृत4:28 PM – 5:59 PM शुभचौघड़िया → |
कल – शुक्रवार, 25 सितंबर 2026
चौघड़िया – दिन
- 5:54 AM – 7:24 AMचरयात्रा के लिए अच्छा
- 7:24 AM – 8:55 AMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 8:55 AM – 10:25 AMअमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 10:25 AM – 11:56 AMकालहानि – टालें
- 11:56 AM – 1:26 PMशुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 1:26 PM – 2:57 PMरोगरोग – टालें
- 2:57 PM – 4:28 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 4:28 PM – 5:58 PMचरयात्रा के लिए अच्छा
चौघड़िया – रात
- 5:58 PM – 7:28 PMरोगरोग – टालें
- 7:28 PM – 8:57 PMकालहानि – टालें
- 8:57 PM – 10:27 PMलाभलाभ – व्यापार और पढ़ाई के लिए
- 10:27 PM – 11:56 PMउद्वेगचिंता – नया काम शुरू न करें
- 11:56 PM – 1:26 AM (26 सितंबर)शुभशुभ – मांगलिक कार्यों के लिए
- 1:26 AM – 2:55 AM (26 सितंबर)अमृतसबसे उत्तम – हर काम के लिए
- 2:55 AM – 4:24 AM (26 सितंबर)चरयात्रा के लिए अच्छा
- 4:24 AM – 5:54 AM (26 सितंबर)रोगरोग – टालें
Bhilai Charoda – आज के मुख्य सवाल
आज Bhilai Charoda में राहुकाल कब है?
आज (गुरुवार, 24 सितंबर 2026) Bhilai Charoda में राहुकाल 1:27 PM – 2:58 PM है। यमगण्ड 5:53 AM – 7:24 AM और गुलिक काल 8:55 AM – 10:26 AM।
आज Bhilai Charoda में शुभ समय (चौघड़िया) कब है?
आज Bhilai Charoda में शुभ चौघड़िया: 5:53 AM – 7:24 AM, 10:26 AM – 11:56 AM, 11:56 AM – 1:27 PM, 1:27 PM – 2:58 PM, 4:28 PM – 5:59 PM। अभिजीत मुहूर्त: 11:32 AM – 12:20 PM।
आज Bhilai Charoda में सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 5:53 AM और सूर्यास्त 5:59 PM।
आज की तिथि और नक्षत्र क्या है?
सूर्योदय के समय शुक्ल त्रयोदशी तिथि और धनिष्ठा नक्षत्र।
चौघड़िया क्या है?
चौघड़िया उत्तर और पश्चिम भारत में शुभ समय देखने की सबसे लोकप्रिय पद्धति है। दिन और रात को आठ-आठ भागों में बांटा जाता है। अमृत, शुभ, लाभ और चर काम शुरू करने के लिए अच्छे हैं; उद्वेग, काल और रोग से बचा जाता है। यहां सभी भाग Bhilai Charoda के वास्तविक सूर्योदय और सूर्यास्त से निकाले गए हैं, 6 बजे की तय तालिका से नहीं।
सभी समय Bhilai Charoda का स्थानीय समय हैं (IST)। Bhilai Charoda के सटीक अक्षांश-देशांतर के लिए दृक् गणित पद्धति (लाहिड़ी अयनांश) से खगोलीय गणना।